बैंकिंग सेवाएं, यूनिवर्सिटी स्कॉलरशिप या वीजा देने वाली फर्जी वेबसाइट्स तो इंटरनेट पर हमेशा से सक्रिय रही हैं, लेकिन इन दिनों फर्जी शॉपिंग वेबसाइट्स की भी बाढ़ आई हुई है। कुछ खास बातोंं पर गौर करके फर्जी वेबसाइट्स का पता कर सकते हैं। जानते हैं इनके बारे में-

आपको नई वेबसाइट पर कोई प्रॉडक्ट या उसके ऑफर पसंद आते हैं और आप उसके लिए ऑर्डर प्लेस करते हैं। कई बार पैसे देने के बावजूद प्रॉडक्ट की डिलीवरी नहीं होती या फिर घटिया प्रॉडक्ट मिलता है। ऐसे में कस्टमर केयर पर संपर्क करने पर सही जवाब नहीं मिलता। कुछ खास तरीकों से फर्जी वेबसाइट्स की पहचान कर सकते हैं।

कनेक्शन सिक्योरिटी इंडिकेटर
वेबसाइट से पहले लिखे जाने वाले शब्द के रूप में यदि सिर्फ द्धह्लह्लश्च दिख रहा है तो उस वेबसाइट पर भी संदेह कर सकते हैं। हर अच्छी वेबसाइट पर द्धह्लह्लश्चह्य लिखा मिलेगा। जो वेबसाइट द्धह्लह्लश्च के साथ ट्रांसपोर्ट लेयर सिक्योरिटी रखती है, उसे द्धह्लह्लश्चह्य के रूप में दर्शाया जाता है। हर विश्वसनीय वेबसाइट पर द्धह्लह्लश्चह्य मिलेगा।

यूआरएल
यूआरएल का अर्थ है यूनिफॉर्म रिसोर्स लोकेटर, वेबसाइट का पता है जो ब्राउजर विंडो में नजर आता है। इसके नाम की स्पेलिंग में कोई गलती नजर आए, इसका फेवआइकन (पते से पहले दिखने वाला छोटा लोगो) अजीब हो या डोमेन के आखिर में फाइल पाथ में कोई अनियमितता दिखे तो समझ लें कि यह वेबसाइट फर्जी है। कोई वेबसाइट यदि किसी दूसरे डोमेन पर अपने आप फॉरवर्ड हो रही है तो यह सही नहीं है।

वर्तनी/व्याकरण: फर्जी वेबसाइट्स पर अक्सर आपको स्पेलिंग या ग्रामर की गलतियां, प्रॉडक्ट का विवरण अधूरा या यह दूसरी वेबसाइट से कॉपी किया हुआ लगेगा। कई बार इनकी तस्वीरों में दूसरी वेबसाइट्स के वॉटरमार्क लगे होते हैं।

सर्टिफिकेट डिटेल: पते से पहले पैडलॉक आइकन दिखता है। क्लिक करने पर आपको वहां सर्टिफिकेट डिटेल नजर आएगी।

अस्पष्ट ‘कॉन्टैक्ट असÓ : यदि पहली बार वेबसाइट पर खरीदारी कर रहे हैं तो उस वेबसाइट के कॉन्टेक्ट पेज पर नजर जरूर डालें।

अविश्वसनीय रिव्यू : वेबसाइट पर लगातार घटिया यूजर रिव्यू मिलें या उसके प्रॉडक्ट की तारीफों के पुल बंधे हों, तो समझें गड़बड़ है।

वेबसाइट डिजाइन: प्रतिष्ठित वेबसाइट्स इंटरफेस व डिजाइन पर ध्यान देती हैं, लेकिन फर्जी साइट्स की डिजाइन साधारण और अनप्रोफेशनल होती हैं। इनके लोगो में एकरूपता नहीं होती और यह अक्सर मल्टीकलर्ड होती हैं।

असाधारण डिसकाउंट: वेबसाइट यदि प्रॉडक्ट की खरीद पर असाधारण डिस्काउंट या कैशबैक दे रही है तो अलर्ट हो जाएं। वे ग्राहकों का ध्यान आकर्षित करने के लिए ऐसा करती हैं।

वेबसाइट रेपुटेशन
वेबसाइट सही लगने के बावजूद यदि नाम पहली बार सुना है तो थर्ड पार्टी वेबसाइट (ह्वह्म्द्य1शद्बस्र.ष्शद्व व ह्लशशद्यह्य1शद्बस्र.ष्शद्व) रेपुटेशन का अंदाजा दे सकती हैं।

गूगल साइट ब्राउजिंग ट्रांसपेरेंसी
इस टूल के तहत वेबसाइट का यूआरएल कॉपी कर पता कर सकते हैं कि वेबसाइट सेफ है या नहीं। पता है

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